नाहन : ब्रह्माकुमारी सेवा केंद्र नाहन में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन तथा ईश्वरीय स्मृति के साथ किया गया। इसके पश्चात ब्रह्माकुमारी केंद्र की बहनों द्वारा सभी अतिथियों और उपस्थित महिलाओं का स्वागत किया गया। स्वागत संबोधन में उन्होंने कहा कि महिला समाज की आधारशिला है और उसके बिना परिवार तथा समाज की कल्पना अधूरी है। महिला अपने प्रेम, त्याग, धैर्य और सेवा भाव से समाज को सशक्त और संस्कारित बनाती है। इस कार्यक्रम में मुख्यअतिथि के रूप में बहन मधु बिंदल।विशिष्ट अतिथि के रूप में बहन रजनी कश्यप, ईनरवहील की अध्यक्षा बहन सुनीता शर्मा एवं सदस्य अनूप वर्मा, राधा खिंदडी और बहन रजनी मौजूद रहीं।
कार्यक्रम के दौरान बी के रमा दीदी ने कहा कि आज के समय में महिलाओं ने हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा और क्षमता का परिचय दिया है। शिक्षा, चिकित्सा, प्रशासन, विज्ञान, कला, खेल और सामाजिक सेवा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में महिलाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि महिला केवल घर की जिम्मेदारियों तक सीमित नहीं है बल्कि वह समाज के विकास और प्रगति की एक मजबूत आधारशक्ति है।
बी के दीपशिखा ने आध्यात्मिकता के महत्व को बताते हुए कहा कि आध्यात्मिक ज्ञान और राजयोग ध्यान के माध्यम से महिलाएं अपने जीवन में आंतरिक शांति, आत्मविश्वास और सकारात्मकता ला सकती हैं। उन्होंने कहा कि जब महिला स्वयं सशक्त और जागरूक होती है तो वह पूरे परिवार और समाज को सही दिशा देने में सक्षम होती है। उन्होंने महिलाओं को अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। साथ ही यह भी कहा कि महिलाओं को शिक्षा, आत्मनिर्भरता और आत्मसम्मान को अपने जीवन का लक्ष्य बनाना चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का भी आयोजन किया गया। गीत, कविता और नृत्य के माध्यम से महिला शक्ति के महत्व को प्रस्तुत किया गया। इन प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों का मन मोह लिया और वातावरण को उत्साह और प्रेरणा से भर दिया। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों को राजयोग ध्यान का अभ्यास कराया गया, जिससे सभी ने मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव किया। ब्रह्माकुमारी केंद्र की बहनों ने सभी को संदेश दिया कि महिलाएं अपनी आंतरिक शक्तियों को पहचानें और आत्मविश्वास के साथ जीवन में आगे बढ़ें। उन्होंने यह भी कहा कि जब महिलाएं सशक्त और आत्मनिर्भर बनती हैं तो पूरा समाज प्रगति की ओर अग्रसर होता है।
इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाएं, युवतियां, सामाजिक कार्यकर्ता और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए इसे अत्यंत प्रेरणादायक और उपयोगी बताया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया।




