बज चुकी सुक्खू सरकार की विदाई की शहनाई : जयराम ठाकुर
जयराम ठाकुर ने प्रदेश की बदहाल आर्थिक स्थिति के लिए मुख्यमंत्री के वित्तीय कुप्रबंधन को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि सरकार अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए या तो उन्हें कोसती है या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर दोषारोपण करती है। उन्होंने कहा कि जब मुख्यमंत्री सीपीएस की फौज खड़ी कर रहे थे और अपने चहेतों को कैबिनेट रैंक बांटकर सरकारी खजाने को लुटा रहे थे, तब उन्हें राज्य की माली हालत की याद नहीं आई और आज हालात यह हो गए हैं कि कर्मचारियों की सैलरी, पेंशन और भत्ते समय पर नहीं मिल पा रहे हैं, जो प्रदेश में एक प्रकार के वित्तीय आपातकाल का संकेत है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के संस्थान बंद करने की धुन से अब स्वयं कांग्रेस के विधायक भी सहमे हुए हैं और वे मुख्यमंत्री को अपने क्षेत्रों में बुलाने से कतराते हैं ताकि उनके क्षेत्र में चल रहे संस्थान बंद न हो जाएं।
कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए ठाकुर ने कहा कि राज्य में पुलिस महानिदेशक अपनी इगो शांत करने के लिए इस बात की जांच कर रहे हैं कि जूनियर अधिकारी ने सीनियर को गाड़ी में घर क्यों छोड़ा और सरकार समोसे की जांच में पुलिस की ऊर्जा बर्बाद कर रही है कि आखिर मुख्यमंत्री का समोसा किसने खाया, जबकि मुख्य सचिव पर भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं। उन्होंने संदेह व्यक्त किया कि शायद ब्यूरोक्रेसी के पास मुख्यमंत्री की कोई बड़ी पोल है, जिसके कारण मुख्यमंत्री कार्रवाई करने में बेबस नजर आ रहे हैं। स्थानीय भाजपा नेताओं के साथ संवाद करते हुए उन्होंने जनसमस्याएं सुनीं और दावा किया कि प्रदेश की जनता इस जनविरोधी सरकार को उखाड़ फेंकने का मन बना चुकी है और आगामी चुनाव में कांग्रेस की ऐतिहासिक पराजय निश्चित है। इस दौरान उन्होंने पाँवटा साहिब में 'हैप्पी स्क्वायर रेस्टोरेंट' का शुभारंभ किया और पैरालंपिक्स में पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाने वाली हिमाचल की विभूतियों, सविता और अनिल को सम्मानित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इसके बाद वह पांवटा साहिब के विधायक सुखराम चौधरी के आवास पर जाकर उनसे भेंट की। इस प्रवास के दौरान पच्छाद विधायक रीना कश्यप, सांसद सुरेश कश्यप, भाजपा नेता बलदेव तोमर और अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।








