राष्ट्रीय खेल दिवस पर बिलासपुर में मेजर ध्यानचंद को दी गई श्रद्धांजलि, खेलों के महत्व पर हुई चर्चा, विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का हुआ आयोजन

कार्यक्रम में उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने मेजर ध्यानचंद की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके जीवन से जुड़ी प्रेरणादायक बातें साझा कीं।
अपने संबोधन में उपायुक्त राहुल कुमार ने कहा कि राष्ट्रीय खेल दिवस हर वर्ष 29 अगस्त को मेजर ध्यानचंद की जयंती के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने खेलो इंडिया जैसे राष्ट्रीय अभियानों की शुरुआत भी इसी दिन से की थी, ताकि युवाओं में खेलों के प्रति रुचि और जागरूकता बढ़ाई जा सके। इस वर्ष का विषय “एक घंटा, खेल के मैदान में” रखा गया है, जो सभी नागरिकों को प्रतिदिन खेल गतिविधियों को अपनाने के लिए प्रेरित करता है।
उन्होंने कहा कि खेल केवल शारीरिक व्यायाम या प्रतियोगिता का माध्यम नहीं है, बल्कि यह अनुशासन, आत्मविश्वास, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का सशक्त साधन है। खेल व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से स्वस्थ एवं संतुलित बनाते हैं। हर आयु वर्ग के लोगों को अपनी दिनचर्या में खेलों को शामिल करना चाहिए।
उपायुक्त ने कहा कि मेजर ध्यानचंद को दुनिया का सबसे महान फील्ड हॉकी खिलाड़ी माना जाता है और उन्हें “हॉकी का जादूगर” की उपाधि मिली। उनके नेतृत्व में भारत ने 1928, 1932 और 1936 के ओलंपिक खेलों में लगातार स्वर्ण पदक हासिल किए। उन्होंने देश के राष्ट्रीय खेल हॉकी को नई पहचान दिलाई और विश्व पटल पर भारत को गौरवान्वित किया।
इस अवसर पर उपायुक्त ने विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का शुभारंभ किया। दिनभर स्पोर्ट्स कांप्लेक्स में हॉकी, कबड्डी, जूडो, हैंडबॉल, बॉक्सिंग और एथलेटिक्स जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं। इन प्रतियोगिताओं में स्टेट स्पोर्ट्स हॉस्टल, साई इंडिया और खेलो इंडिया की टीमों के खिलाड़ियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। खिलाड़ियों में उत्साह और जोश देखने लायक था।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन और खेल विभाग मिलकर जिले में खेल सुविधाओं का विस्तार कर रहे हैं। बेहतर बुनियादी ढांचे, प्रशिक्षण सुविधाओं और प्रतियोगिताओं के आयोजन से यहां के युवा खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा।
कार्यक्रम में जिला खेल अधिकारी उत्तम डोड, हैंडबॉल कोच मनोज ठाकुर, कोच प्रदीप कालिया, नरेश गोपाल, भावना चौहान, आर्य भट्ट, योधराज, पुलकित शर्मा, सुरेंद्र पाल, नईम मोहम्मद, हंसराज, अर्जुन, मोहित, रोशनी, सरपाल, मीनू, दिनेश, प्रवीण, महावीर, यमुना दत्त, पूजा, अनीता सहित जिला खेल कार्यालय बिलासपुर के अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में खिलाड़ी व अभिभावक उपस्थित रहे।