अक्स न्यूज लाइन शिमला 27 अगस्त :
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अजय राणा ने कहा कि कांग्रेस का असली चेहरा न केवल विकास और संविधान विरोधी है, बल्कि वह महिलाओं के प्रति भी संकीर्ण और दुर्भावनापूर्ण सोच रखती है। मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी द्वारा महिलाओं को शराब से जोड़ने वाला बयान उनकी इसी मानसिकता का प्रमाण है। कांग्रेस पार्टी महिलाओं के प्रति अपनी निकृष्ट और निंदनीय सोच के लिए देश की महिलाओं से सार्वजनिक रूप से माफ़ी मांगे।
अजय राणा ने याद दिलाया कि कांग्रेस के दिग्विजय सिंह, शांति धारीवाल और अन्य कई नेता भी पूर्व में महिलाओं पर अशोभनीय टिप्पणियां कर चुके हैं। इसके विपरीत भारतीय जनता पार्टी ने मध्य प्रदेश में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण, ‘लाड़ली लक्ष्मी’ जैसी योजनाएं और केंद्र में महिला आरक्षण विधेयक लागू कर उनके सम्मान तथा सशक्तिकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। उन्होंने कांग्रेस से देश की महिलाओं से सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की।
भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस की महिला विरोधी सोच किस हद तक है, इसका उदाहरण जीतू पटवारी के हालिया बयान से साफ झलकता है, जिसमें उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में अधिकांश महिलाएं शराब का सेवन करती हैं। यह न केवल राज्य की महिलाओं का गंभीर अपमान है, बल्कि कांग्रेस की संकीर्ण और विकृत मानसिकता को भी दर्शाता है। कांग्रेस की सोच महिलाओं के बारे में क्या है ये तो स्वयं कांग्रेस के नेता ही जानते हैं। चाहे पूर्व में कांग्रेस की नेता अंगिका दत्ता, राधिका खेड़ा हो या प्रियंका चतुर्वेदी हो, इनके अनुभव तो आज ए सब बातें पब्लिक डोमेन में है। कांग्रेस के नेताओं की यह सोच नई नहीं है; पहले भी दिग्विजय सिंह, शिवप्रकाश जयसवाल और राजस्थान के वरिष्ठ नेता शांति धारीवाल जैसे अनेक नेताओं ने महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणियां की हैं। शांति धारीवाल का यह कथन कि ‘राजस्थान में दुष्कर्म इसलिए अधिक होते हैं क्योंकि यह मर्दों वाला प्रदेश है’, कांग्रेस की इसी गलत सोच का स्पष्ट उदाहरण है।